बीजपुर जिला Bijapur Jila

जिला - बीजपुर
स्थापना - 1 मई 2017
क्षेत्रफल - 6552 वर्ग किलोमीटर
जनसंख्या - 255230
तहसील - भोपालपट्टनम, बीजापुर, उसूर, भैरमगढ़
विकासखण्ड - भोपालपट्टनम, बीजापुर, उसूर, भैरमगढ़
नगर पंचायत - 1
जनपद पंचायत - 3
ग्राम पंचायत - 160

बीजपुर जिला छत्तीसगढ़ का सबसे कम जान घनत्व (23) वाला जिला है। छत्तीसगढ़ का प्रथम टाईगर प्रोजेक्ट इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान इसी जिले मे है। इसके अलावा, भैरमगढ़ और कुटरू अभ्यारण्य इसी जिले में है। छत्तीसगढ़ के राजकीय पशु वन भैसों के संरक्षण के लिए पामेड़ अभ्यारण्य इसी जिले में है। इसकी स्थापना 1983 में की गई थी।

बीजपुर में गोंड़, माड़िया, मुरिया, धुरबा, भतरा, हल्बा जनजातियों की बहुलता है।

पर्यटन - भैरमगढ़ अभ्यारण्य, इंद्रावती राष्ट्रीय उद्यान, पामेड़ अभ्यारण्य, कुटरु अभ्यारण्य, वापल्ली, नडापल्ली गुफा।

नदी - इंद्रावती, तालपेरु, चिंतावगु।


पर्यटन एवं धार्मिक स्थल

चिकटराज ( Chiktraj ) :

यह बीजापुर नगर के रहवासियों के आराध्य देव हैं। बीजापुर से गंगालूर मार्ग पर लगभग 1 कि.मी. की दूरी पर चिकटराज देव का मंदिर है। चिकटराज देव 6-7 फुट लंबे बांसनुमा आकार के एक काष्ठ में विराजमान हैं। मंदिर के सामने भगवान गणेश, विष्णु, शिव, लक्ष्मी आदि देवी-देवताओं की प्राचीन शिल्प मूर्तियां स्थापित है। प्रतिवर्ष चैत्र नवरात्रि के रामनवमी के बाद आने वाले प्रथम मंगलवार को यहां मेले का आयोजन होता है।


दोबे ( Dobe ) :

नीलम सरई से करीब 3 किमी की दूरी पर खूबसूरत पर्यटन स्थल दोबे स्थित है। दोबे को पत्थरों का गांव कहा जा सकता है। क्योंकि यहां चारों तरफ पत्थरों से बनी हुई अद्भुत कलाकृतियां देखी जा सकती है। 


इंचमपल्ली बांध ( Inchampally Dam ) :

बीजापुर जिला मुख्यालय से लगभग 77 किमी दूर भोपालपट्नम ब्लाक के अंतर्गत ताड़लागुड़ा क्षेत्र के चंदूर-दुधेड़ा गांव की सीमा से लगे गोदावरी नदी पर इंचमपल्ली बांध है। इस बांध का निर्माण अधूरा है। इस बांध की आधार शिला 1806 में रखी गई थी। 1869 में परियोजना से सटे इलाकों में प्लेग तथा महामारी का भयंकर प्रकोप फैला था।








EmoticonEmoticon