परलकोट विद्रोह 1825 ई. - ParalKot Vidroh

• नेतृत्व- गेंदसिंह (फांसी 20/01/1825 )
• शासक- महिपाल देव
• उद्देश्य - अबुझमाड़ीयों की शोषण मुक्ति
• दमनकर्ता - कैप्टन पेबे
• विशेष - प्रथम शहीद - गेंद सिंह , प्रतीक धावडा पेड़ की टहनी

परलकोट विद्रोह ( 1825 ई. ) एक आदिवासी/जनजातीय विद्रोह था। यह विद्रोह जमींदार गेंद सिंह के नेतृत्व में अबूझमाड़ियों के द्वारा किया गया विद्रोह था। जिसे अंग्रेज एवं मराठो के शोषण के विरोध में प्रारम्भ किया गया था।  

आदिवासी क्षेत्र में गैर-आदिवासियों के उपस्तिथि एवं उनके मनमानी से नाराज थे।  इन्होंने अंग्रेज एवं मराठा अधिकारियों पर हमला बोल दिया। अंग्रेज और मराठा की संयुक्त सेना ने 10 जनवरी 1825 में परलकोट को घेरलिया, अबूझमाड़ियों के पारंपरिक हथियार आधुनिक हथियार का सामना करने में असफल रहें। नेता गेंद सिंह को गिरफ्तार कर 20 जनवरी 1825 को उन्हें महल के सामने फाँसी दी गई।


अन्य विद्रोह : 


EmoticonEmoticon